खतरे में लोगों की जान, बिना फिटनेस के सड़कों पर दौड़ रहे वाहन…..










बीकानेर जिले में सैकड़ों वाहन सड़कों पर खतरा बन कर दौड़ रहे हैं। ऐसे वाहनों को परिवहन विभाग खुद आमजन के लिए खतरनाक मान रहा है। जिले में ऐसे 1803 वाहन हैं, जिनके फिटनेस की वैधता खत्म हो चुकी है
परिवहन विभाग अब इनके रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट रद्द करने की कार्रवाई करेगा। इससे पहले वाहन मालिकों को अंतिम चेतावनी नोटिस जारी किए जा रहे हैं। दरअसल, सड़क पर चल रहे वाहनों को फिटनेस देने का काम परिवहन विभाग का है। विभाग के अफसर तो सड़क पर दौड़ लगा रही गाड़ियों की नियमित रूप से जांच करते हैं। साथ ही जर्जर पुराने वाहनों को फिटनेस का सर्टिफिकेट देने में भी सख्ती बरतते हैं। इसके बावजूद वाहन मालिक फिटनेस कराने से परहेज कर रहे हैं।
लंबे समय से वाहनों की फिटनेस नहीं
परिवहन विभाग के सूत्रों की मानें, तो बिना फिटनेस वाले वाहनों का अता-पता ही नहीं है कि वे सड़क पर चल भी रहे हैं या कंडम हो चुके हैं। जानकारी के मुताबिक, लंबे समय से जिले के 1803 वाहन फिटनेस नहीं करवा रहे हैं। ऐसे वाहनों को परिवहन विभाग ने चिन्हित कर सूचीबद्ध किया है। इन वाहन मालिकों को अंतिम चेतावनी नोटिस जारी किए जा रहे हैं।
परमिट वाली बसों व अन्य वाहनों को हर साल फिटनेस जांच कराना अनिवार्य है, लेकिन बस, कार, जीप एवं अन्य वाहन संचालक पैसा बचाने के चक्कर में न तो यातायात पुलिस के जांच शिविर में वाहन भेजते हैं और न ही आरटीओ दफ्तर में जांच करवाते हैं। ऐसे में वाहनों की फिटनेस जांच नहीं हो रही। समय पर गाड़ियों की मरम्मत नहीं करवाने की वजह से आए दिन वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं।
जिले में 1803 वाहनों की फिटनेस वैधता खत्म हो चुकी है। लंबे समय से फिटनेस नहीं कराने वाले वाहनों का रजिस्ट्रेशन रद्द करने की कार्रवाई करेंगे। इससे पहले वाहन मालिकों को अंतिम चेतावनी नोटिस भेजे जा रहे हैं।

